हाल ही में कांग्रेस नेता शशि थरूर द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की कुछ नीतियों की तारीफ़ ने राजनीतिक हलकों में हलचल मचा दी है। उनके इस रुख को कई लोग "नए सामान्य" के संकेत के रूप में देख रहे हैं, जहां विपक्ष भी सकारात्मक नीतियों की सराहना करने में संकोच नहीं कर रहा।
थरूर ने मोदी सरकार की विदेश नीति और कुछ आर्थिक सुधारों को "दिशा में सटीक" बताया। हालांकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उनकी मूल विचारधारा कांग्रेस से ही जुड़ी है। इस बयान ने राजनीतिक विश्लेषकों को सोचने पर मजबूर कर दिया है – क्या कांग्रेस अब ज्यादा व्यावहारिक रुख अपना रही है?
एक ओर जहां इससे विपक्ष की गंभीरता और परिपक्वता झलकती है, वहीं दूसरी ओर यह पार्टी के भीतर विचारधारात्मक मतभेदों की ओर भी संकेत करता है।
क्या यह रुख कांग्रेस को नई ऊर्जा देगा या भ्रम पैदा करेगा? आने वाले समय में यह देखना दिलचस्प होगा कि कांग्रेस इस 'नए सामान्य' को कितनी दूर तक अपनाती है।
No comments:
Post a Comment